Wednesday, October 28, 2026


यहाँ वहाँ क्या! 

फूल खिले कहीं भी

देंगे सुगंध।

            डॉ. मंजूश्री गर्ग

Tuesday, October 27, 2026

 

मधुर तान

सुनाये बाँसुरिया

अधर बसी।

                         डॉ. मंजूश्री गर्ग

Monday, October 26, 2026



अजूबा एक

गुलमोहर बीच

खिला गुलाब।

            डॉ. मंजूश्री गर्ग
 

Sunday, October 25, 2026



25 अक्टूबर, 2026 अश्विन मास शरद पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनायें


 

Saturday, October 24, 2026


सोना, मानुष

जितना तपता है

खरा होता है।

            डॉ. मंजूश्री गर्ग 

Friday, October 23, 2026


नाटक वही

अभिनेता बदले

राजनीति में।

            डॉ. मंजूश्री गर्ग 

Thursday, October 22, 2026


चमकेगी ही

विरोधों में प्रतिभा

जैसे दीपक।

            डॉ. मंजूश्री गर्ग